का सरल उत्तर
लाल आसन पर पूर्व/उत्तर मुख करके, रुद्राक्ष माला से, गणेश ध्यान करते हुए 'ॐ गं गणपतये नमः' जपें। अनामिका और अंगूठे से माला पकड़ें। ब्रह्ममुहूर्त या बुधवार को जप विशेष फलदायी है। जप से पूर्व गणपति अथर्वशीर्ष का पाठ करें।
मूल प्रश्न का सम्पूर्ण शास्त्रीय उत्तर एक स्थान पर।
इस श्रेणी के अन्य प्रश्नोत्तर।