का सरल उत्तर
भविष्य पुराण के अनुसार इसी दिन महर्षि कश्यप और माता अदिति के घर भगवान सूर्य देव का प्राकट्य (जन्म) हुआ था, इसलिए इसे सूर्य का जन्मदिन (सूर्य-जयंती) भी कहते हैं।
मूल प्रश्न का सम्पूर्ण शास्त्रीय उत्तर एक स्थान पर।
इस श्रेणी के अन्य प्रश्नोत्तर।