कृष्ण रास लीला का आध्यात्मिक अर्थ?
का सरल उत्तर
सरल उत्तर
गोपी=जीवात्मा, कृष्ण=परमात्मा, रास=आत्मा-परमात्मा मिलन। प्रत्येक गोपी साथ=ईश्वर सबके+व्यक्तिगत। सब छोड़ना=पूर्ण समर्पण। विरह=भक्ति चरम। भागवत: कामदेव जीतने वाले=काम नाश।
सम्पूर्ण उत्तर
विस्तृत प्रश्न पृष्ठ देखें
मूल प्रश्न का सम्पूर्ण शास्त्रीय उत्तर एक स्थान पर।
श्रेणी
देव कथा
इस श्रेणी के अन्य प्रश्नोत्तर।