समुद्र मंथन की कथा क्या है?
का सरल उत्तर
सरल उत्तर
दुर्वासा शाप → देवता श्रीहीन → विष्णु की शरण → क्षीरसागर मंथन (मंदराचल मथानी, वासुकि रस्सी) → विष्णु ने कूर्म रूप में पर्वत धारण किया → हलाहल (शिव ने पिया) → कामधेनु, कौस्तुभ, लक्ष्मी, धन्वंतरि, अमृत प्रकट।
सम्पूर्ण उत्तर
विस्तृत प्रश्न पृष्ठ देखें
मूल प्रश्न का सम्पूर्ण शास्त्रीय उत्तर एक स्थान पर।
श्रेणी
प्रमुख पौराणिक कथाएं
इस श्रेणी के अन्य प्रश्नोत्तर।