दीपावली पर स्थिर लग्न में प्रदोष काल में लक्ष्मी-गणेश की पूजा करें। घर साफ करें, रंगोली बनाएं, 16 दीप जलाएं, श्री सूक्त पाठ करें, 'ॐ श्रीं ह्रीं श्रीं महालक्ष्म्यै नमः' का 108 बार जप करें और कुबेर पूजन भी करें।
1धनतेरस (त्रयोदशी): धनवंतरि और यम पूजन; नए बर्तन, सोना खरीदें
2नरक चतुर्दशी (छोटी दीपावली): काली/यम पूजन, अभ्यंग स्नान
3दीपावली (अमावस्या): महालक्ष्मी पूजन — मुख्य पर्व
4गोवर्धन पूजा (प्रतिपदा): कृष्ण/इंद्र पूजन
5भाई दूज (द्वितीया): यम-यमुना पूजन
6घर की पूर्ण सफाई करें — लक्ष्मी जी स्वच्छता में वास करती हैं