पूजा विधि एवं कर्मकांडतिलक लगाने के बाद अक्षत कैसे चिपकाएंतिलक लगाने के तुरंत बाद जब तिलक गीला हो, साफ और पूरे (अखंडित) चावल के 2-5 दाने धीरे से माथे पर या देवता के ललाट पर रखें — वे स्वयं चिपक जाते हैं। टूटे या पुराने चावल न लगाएँ।#अक्षत#तिलक अक्षत#चावल पूजा
पूजा विधि एवं कर्मकांडकुमकुम तिलक लगाने का सही तरीकाकुमकुम तिलक अनामिका अंगुली से माथे के मध्य आज्ञाचक्र पर लगाएँ। स्नान के बाद लगाना शुभ है। तर्जनी से तिलक नहीं लगाना चाहिए। देवी पूजन, मंगलवार और नवरात्रि में इसका विशेष महत्व है।#कुमकुम तिलक#तिलक विधि
पूजा विधि एवं कर्मकांडतिलक कितने प्रकार के होते हैं विस्तार सेतिलक मुख्यतः चंदन, कुमकुम, रोली, भस्म, केसर, हल्दी और गोपीचंदन से लगाए जाते हैं। संप्रदाय के आधार पर त्रिपुंड (शैव), ऊर्ध्वपुंड्र (वैष्णव) और शक्तिपंथ तिलक (शाक्त) प्रमुख हैं।#तिलक के प्रकार#तिलक विधि#हिंदू तिलक