लिंग तत्त्वलिंगी किसे कहा गया है?परमेश्वर को लिंगी कहा गया है, जबकि प्रधान को लिंग कहा गया है।#लिंगी#परमेश्वर#लिंग
अघोर दर्शनअघोर शिव ने ब्रह्मा को दर्शन कैसे दिया?ब्रह्मा ने ध्यान और शरणागति से अघोर को ब्रह्मस्वरूप मानकर ध्यान किया, तब अघोर महादेव ने उन्हें साक्षात् दर्शन दिया।#अघोर दर्शन#ब्रह्मा#ध्यान
ब्रह्मा और वामदेवब्रह्मा को कल्प-कल्प में परमेश्वर को जानने का वर कैसे मिला?ब्रह्मा ने ध्यान और परम भक्ति से वामदेव शिव का स्तवन किया, इसलिए उन्हें कल्प-कल्प में परमेश्वर को जानने का वर मिला।#ब्रह्मा#कल्प-कल्प#परमेश्वर
वामदेव महिमावामदेव शिव कौन हैं?वामदेव शिव रक्तकल्प में लाल कुमार के रूप में प्रकट हुए परमेश्वर हैं, जिन्हें ब्रह्मा ने साक्षात् देवेश्वर और ब्रह्मस्वरूप जाना।#वामदेव#शिव#महादेव
ब्रह्मा और सद्योजातब्रह्मा ने सद्योजात शिव को परमेश्वर कैसे माना?ब्रह्मा ने ध्यानयोग से सद्योजात कुमार को साक्षात् परमेश्वर जाना, प्रणाम किया और परात्पर ब्रह्म माना।#ब्रह्मा#सद्योजात#परमेश्वर
सद्योजात महिमासद्योजात शिव कौन हैं?सद्योजात शिव को ब्रह्मा ने श्वेतलोहित कुमार रूप में देखा और साक्षात् परमेश्वर तथा परात्पर ब्रह्म जाना।#सद्योजात#शिव#महेश्वर
शिवभक्तिशिवभक्ति से मुक्ति कैसे मिलती है?सर्वव्यापी परमेश्वर शिव में भक्ति रखने वाला प्राणी निःसंदेह मुक्ति प्राप्त करता है।#शिवभक्ति#मुक्ति#परमेश्वर