तुलसी विवाह परिचयवृंदा ने विष्णु को क्या श्राप दिया था?वृंदा ने श्राप दिया: 'तुम पाषाण (शालिग्राम) में परिवर्तित हो जाओ और अपनी पत्नी के वियोग का दुःख सहो।' भगवान विष्णु ने उसके पातिव्रत्य और अनन्य भक्ति का सम्मान करते हुए श्राप सहर्ष स्वीकार किया।#वृंदा श्राप#शालिग्राम#पाषाण
रामायण और महाभारत में माँ पार्वतीमहाभारत अनुशासन पर्व में शिव-पार्वती का क्या संवाद है?महाभारत अनुशासन पर्व (143वाँ अध्याय): पार्वती ने शिव से स्त्री-धर्म और गृहस्थ जीवन के नियम पूछे। शिव ने बताया: स्त्री का सबसे बड़ा धर्म = 'पातिव्रत्य' और करुणा। सावित्री ने इसी से यमराज से सत्यवान के प्राण वापस लिए।
संस्कार विधिविवाह में ध्रुव तारा और अरुंधति तारा क्यों दिखाते हैं?ध्रुव तारा: स्थिरता (विवाह अचल), भक्त ध्रुव (दृढ़ संकल्प)। अरुंधति: पातिव्रत्य (वशिष्ठ पत्नी), आदर्श दम्पत्ति (सदा साथ), सूक्ष्म दृष्टि परीक्षा। विधि: सप्तपदी बाद, उत्तर दिशा। 'ध्रुवमसि ध्रुवं...' मंत्र।#ध्रुव तारा#अरुंधति#विवाह