अघोर फलअघोर शिव का ध्यान करने से क्या फल मिलता है?योग के द्वारा महादेव का ध्यान करने वाले मनीषी अविनाशी भगवान् रुद्र के दिव्य लोक को प्राप्त होते हैं।#अघोर ध्यान#महादेव#योग
वामदेव फलरुद्रलोक को वापस न आने वाला स्थान क्यों बताया गया है?रुद्रलोक ऐसा स्थान बताया गया है जहाँ से जीव का पुनः संसार में आगमन नहीं होता।#रुद्रलोक#पुनरागमन नहीं#वामदेव
वामदेव फलवामदेव शिव का ध्यान करने से क्या फल मिलता है?वामदेव शिव का समाधि से ध्यान करने वाले भक्त पाप से छूटकर रुद्रलोक प्राप्त करते हैं।#वामदेव ध्यान#शिव भक्ति#पाप मुक्ति
सद्योजात फलरुद्रलोक कैसे प्राप्त होता है?प्राणायामपरायण होकर ब्रह्मतत्परचित्त से विश्वेश्वरदेव की शरण लेने वाले विष्णुलोक को भी पार कर रुद्रलोक जाते हैं।#रुद्रलोक#विष्णुलोक#प्राणायाम
सद्योजात फलसद्योजात शिव की शरण लेने से क्या फल मिलता है?प्राणायामपरायण होकर ब्रह्मतत्परचित्त से सद्योजात की शरण लेने वाले पापों से मुक्त, विमल आत्मा और ब्रह्मज्ञानी हो जाते हैं।#सद्योजात#शरणागति#पाप मुक्ति
लोक वर्णनशिवलोक रुद्रलोक और हाटकेश्वर का वर्णन कहाँ आता है?शिवलोक, भूमिष्ठ रुद्रलोक और पातालस्थ हाटकेश्वर का वर्णन लिङ्गपुराण के विषयों में आता है।#शिवलोक#रुद्रलोक#हाटकेश्वर