लोकत्रयोदशी श्राद्ध में पितृ तर्पण कैसे करें?दक्षिणमुख होकर नाम-गोत्र से।#पितृ तर्पण#दक्षिण मुख#स्वधा
लोकअष्टमी श्राद्ध में स्वधा का क्या महत्व है?स्वधा पितृ अर्पण का मंत्र भाव है।#स्वधा#पितर#श्राद्ध मंत्र
लोकश्राद्ध का अन्न पितरों तक कैसे जाता है?मंत्र, गोत्र और स्वधा से अन्न सूक्ष्म ऊर्जा बनकर पितरों तक पहुँचता है।#श्राद्ध अन्न#पितरों तक अन्न#स्वधा
लोकनान्दीमुख श्राद्ध में स्वधा के स्थान पर स्वाहा क्यों आता है?नान्दीमुख श्राद्ध में पितर देवतुल्य माने जाते हैं, इसलिए स्वधा के स्थान पर स्वाहा या सम्पन्नम् का प्रयोग होता है।#नान्दीमुख श्राद्ध#स्वाहा#स्वधा