दिव्यास्त्र'पर्जन्य' शब्द का क्या अर्थ है?संस्कृत में 'पर्जन्य' का अर्थ है 'बादल' या 'वर्षा'। इसी से पर्जन्यास्त्र का संबंध पर्जन्य देव से जुड़ता है जो वर्षा और उर्वरता के अधिपति देवता हैं।#पर्जन्य#शब्द अर्थ#बादल
दिव्यास्त्र'सुदर्शन' शब्द का क्या अर्थ है?'सुदर्शन' का अर्थ है 'शुभ दृष्टि' या 'दिव्य दृष्टि'। 'सु' यानी शुभ और 'दर्शन' यानी दृष्टि। यह ज्ञान और विवेक का प्रतीक है।#सुदर्शन#शब्द अर्थ#शुभ दर्शन
दिव्यास्त्र'संवर्त' शब्द का क्या अर्थ है?संस्कृत में 'संवर्त' का अर्थ है 'प्रलय' या 'कल्पांत' — युग के अंत में होने वाला ब्रह्मांड का संपूर्ण विनाश। इसके अन्य अर्थ 'लपेटना' और 'शत्रु से भिड़ना' भी हैं।#संवर्त#शब्द अर्थ#प्रलय
लोकसत्यलोक शब्द का क्या अर्थ है?सत्यलोक = सत्य (परम सत्य) + लोक (स्थान)। परम सत्य का लोक जहाँ केवल सत्य है, असत्य-माया नहीं। यह विशुद्ध सत्वगुण और अद्वैत चेतना का केंद्र है।#सत्यलोक#शब्द अर्थ#सत्य
लोकअतल शब्द का क्या अर्थ है?अतल = अ (नहीं) + तल (आधार)। अर्थात ऐसा स्थान जहाँ आत्मा का कोई वास्तविक आध्यात्मिक आधार नहीं है। यहाँ सब भौतिक सुख हैं पर आत्मज्ञान नहीं।#अतल#शब्द अर्थ#व्युत्पत्ति
लक्ष्मी-नारायण तत्त्वविष्णु पुराण में लक्ष्मी-विष्णु की अद्वैतता कैसे समझाई गई है?विष्णु पुराण: विष्णु = अर्थ → लक्ष्मी = वाणी; विष्णु = धर्म → लक्ष्मी = सत्क्रिया; विष्णु = सृष्टा → लक्ष्मी = सृष्टि; विष्णु = संतोष → लक्ष्मी = नित्य तृप्ति; विष्णु = वायु → लक्ष्मी = गति; विष्णु = समुद्र → लक्ष्मी = तरंग।#लक्ष्मी विष्णु अद्वैत#शब्द अर्थ#धर्म सत्क्रिया