श्राद्ध भेदसपिण्डीकरण श्राद्ध क्या है?
सपिण्डीकरण श्राद्ध वह श्राद्ध है जो मृत्यु के बारहवें या तेरहवें दिन किया जाता है, जिसमें मृत व्यक्ति की आत्मा को पितरों के साथ मिलाया जाता है। सपिण्ड का अर्थ है समान पिण्ड वाले बनाना। इसमें चार पिण्ड बनते हैं - एक मृत का और तीन पिता, पितामह, प्रपितामह के। मृत के पिण्ड को तीनों में मिलाकर वह प्रेत-योनि से मुक्त होकर पितृ-योनि में प्रवेश करता है।
#सपिण्डीकरण#मृत्यु पश्चात#पितर मिलन