ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
नक्षत्र

कृत्तिका नक्षत्र — नक्षत्र — पूजा, मंत्र, उपाय प्रश्नोत्तर(3)

कृत्तिका नक्षत्र से जुड़े 3 प्रश्न — विधि, नियम, मंत्र, लाभ। शास्त्र-सम्मत व्याख्या एक स्थान पर।

अवतार की कथा

भगवान स्कंद (कार्तिकेय) का जन्म कैसे हुआ?

कार्तिकेय जन्म: सामान्य तरीके से नहीं। भगवान शिव के तेज से → अग्निदेव और गंगाजी के माध्यम से → छह कृत्तिका नक्षत्रों (स्त्रियों) ने धारण किया → पार्वती ने छह बच्चों को एकाकार करके स्कंद को गोद में लिया।

#कार्तिकेय जन्म#शिव तेज#अग्निदेव गंगा
कार्तिकेय और गणेश जन्म

भगवान कार्तिकेय का जन्म कैसे हुआ?

शिव-पार्वती के मिलन का तेज → अग्नि ने धारण किया → गंगा में प्रवाहित → शरवण वन में 6 बालक → कृत्तिका कन्याओं ने पालन किया → पार्वती के आलिंगन से 6 बालक मिलकर षडानन (कार्तिकेय) बने → तारकासुर वध।

#कार्तिकेय जन्म#षडानन#कृत्तिका
पंचांग एवं ज्योतिष

कृत्तिका नक्षत्र क्या होता है?

कृत्तिका 27 नक्षत्रों में तृतीय। मेष 26°40'–वृषभ 10°। स्वामी सूर्य, देवता अग्नि। प्रतीक अग्नि-लौ। सैन्य-अग्नि कार्यों के लिए अनुकूल। जन्म में तेजस्वी, ऊर्जावान, न्यायी।

#कृत्तिका नक्षत्र#27 नक्षत्र#पंचांग
आज का पंचांग
आज की तिथि, नक्षत्र, मुहूर्त

पंचांग सहित दैनिक मुहूर्त, राहु काल और चौघड़िया।

पर्व-पञ्चांग
सभी पर्व देखें

होली, दिवाली, नवरात्रि, एकादशी — पर्व-केन्द्रित प्रश्नोत्तर।