देवी पूजादेवी की पूजा में ज्योत जलाते समय कौन सा तेल प्रयोग करें?घी (गाय) = सर्वोत्तम, सात्विक। सरसों तेल = दुर्गा/काली, नवरात्रि अखंड ज्योत। तिल = अमावस्या/काली। नारियल = लक्ष्मी/दक्षिण। रिफाइंड वर्जित। रूई बत्ती, मिट्टी/पीतल दीपक। फूंक से न बुझाएं।#ज्योत#तेल#दीपक
देवी पूजासंतोषी माता की पूजा शुक्रवार को क्यों करते हैं?शुक्रवार = शुक्र ग्रह (सुख, सौभाग्य)। संतोषी माता = संतोष प्रदायिनी। 16 शुक्रवार व्रत। भोग: गुड़+चना। खट्टा वर्जित। महत्वपूर्ण: प्रमुख पुराणों में सीधा उल्लेख नहीं — मुख्यतः लोक परंपरा और भक्ति आस्था पर आधारित। कुछ विद्वान: गणेश पुत्री।#संतोषी माता#शुक्रवार#व्रत
देवी पूजादेवी की पूजा में दीपावली और नवरात्रि में कौन सा समय अधिक प्रभावी है?नवरात्रि: 9 दिन दीर्घ साधना, शक्ति/कष्ट निवारण/आध्यात्मिक — अधिक गहन। सप्तशती आदेश: 'शरद में वार्षिक महापूजा।' दीपावली: एक रात, धन-समृद्धि/लक्ष्मी/काली — भौतिक सुख। सर्वोत्तम: दोनों करें — नवरात्रि=शक्ति, दीपावली=समृद्धि। दोनों मिलकर=पूर्ण कल्याण।#दीपावली#नवरात्रि#तुलना