का सरल उत्तर
गरुड़ पुराण के अनुसार मोहग्रस्त व्यक्ति की आँखें मृत्यु पर खुली रहती हैं, पापी की आँखें उलट जाती हैं। पुण्यात्मा की मृत्यु शांत होती है। आँखों की स्थिति व्यक्ति के कर्मों का परिचायक है।
मूल प्रश्न का सम्पूर्ण शास्त्रीय उत्तर एक स्थान पर।
इस श्रेणी के अन्य प्रश्नोत्तर।