का सरल उत्तर
पवित्री कुशा घास से निर्मित अंगूठी है, जो श्राद्धकर्ता अनामिका अंगुली में अनिवार्य रूप से धारण करता है। कुशा की उत्पत्ति भगवान वराह के दिव्य रोमों से हुई है। यह कर्ता की शुद्धता का प्रतीक है, और बिना पवित्री श्राद्ध अधूरा माना जाता है।
मूल प्रश्न का सम्पूर्ण शास्त्रीय उत्तर एक स्थान पर।
इस श्रेणी के अन्य प्रश्नोत्तर।