का सरल उत्तर
पापी वैश्य धनपाल महाशिवरात्रि की रात अनायास शिव मंदिर के पास जागता रहा और अनजाने में जागरण हो गया। इस अनायास जागरण मात्र से उसके समस्त पाप नष्ट हुए। यह शिव की असीम करुणा का प्रमाण है।
मूल प्रश्न का सम्पूर्ण शास्त्रीय उत्तर एक स्थान पर।
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