त्र्यम्बकेश्वर ज्योतिर्लिंग की कथा क्या है?
का सरल उत्तर
सरल उत्तर
ब्रह्मगिरि पर महर्षि गौतम पर गोहत्या का षड्यंत्रपूर्ण आरोप लगा। गौतम की घोर तपस्या से शिव प्रकट हुए। गंगा की शर्त पर शिव त्र्यंबकेश्वर ज्योतिर्लिंग रूप में विराजे और गंगा गोदावरी नाम से प्रकट हुई। यहाँ त्रिदेव एक लिंग में विराजते हैं।
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