व्रत का फलविवाह बाधा और राहु शांति के लिए दुर्गाष्टमी व्रत का क्या महत्व है?राहु (जो भ्रम और अचानक कष्ट देता है) की शांति के लिए यह व्रत सबसे असरदार है। साथ ही, जिन लड़कियों की शादी में रुकावट आ रही हो, वे इस व्रत में 'कात्यायनी मंत्र' पढ़ें तो शादी जल्दी होती है।#राहु शांति#विवाह बाधा#कात्यायनी मंत्र
व्रत का महत्वमासिक दुर्गाष्टमी का व्रत क्यों किया जाता है?यह व्रत जीवन के संकटों और असुरों (काम-क्रोध) का नाश करने, राहु ग्रह की शांति, विवाह की बाधाओं को दूर करने और धन-धान्य व संतान सुख की प्राप्ति के लिए किया जाता है।#मासिक दुर्गाष्टमी#व्रत का महत्व#राहु शांति
ग्रह दोष शांतिराहु दोष निवारण पूजा कैसे करवाएं?राहु शांति: 'ॐ भ्रां भ्रीं भ्रौं सः राहवे नमः' 18000 जप → दूर्वा समिधा से हवन → नाग पूजा → दान (काला वस्त्र, सरसों, उड़द, नारियल) → दुर्गा सप्तशती पाठ → राहुकाल में नारियल जल-प्रवाह। सर्प दोष हेतु नागबलि।#राहु दोष#राहु शांति#राहु काल
ज्योतिष उपायराहु महादशा में क्या उपाय करें?18 वर्ष। 'ॐ भ्रां भ्रीं भ्रौं सः राहवे' 108(बुध/शनिवार शाम), दुर्गा पूजा(राहु नियंत्रक), गणपति अथर्वशीर्ष, नागपंचमी। दान: नारियल नदी, तिल, उड़द, कंबल। गोमेद(ज्योतिषी)। नशा/झूठ=वर्जित। शुभ राहु=विदेश/IT/राजनीति उन्नति।#राहु#महादशा#18 वर्ष