मंदिर नियममंदिर में साष्टांग प्रणाम कैसे करें और कब करें?
साष्टांग = 8 अंग भूमि पर: दोनों पैर, घुटने, हथेलियाँ, छाती, मस्तक। विधि: खड़े → घुटने → हथेलियाँ → छाती+मस्तक → सम्पूर्ण शरीर। स्त्रियाँ: पंचांग (5 अंग) कुछ परम्पराओं में। कब: देवता/गुरु के सामने, तीर्थ, विशेष पूजा। भीड़ में सावधान। वृद्ध/गर्भवती: मानसिक प्रणाम।
#साष्टांग प्रणाम#अष्टांग प्रणिपात#दंडवत