शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
परशुराम मंत्र
ॐ वरदाय नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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प्रकारनाम-मंत्र
स्वरूपवरदान दाता
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
जो अपने शरणागतों को मनोवांछित वर प्रदान करते हैं।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
मनोकामना पूर्ण
विस्तृत लाभ
मनोकामना पूर्ण
जप काल
अर्चना
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प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
ॐ विरुद्धहन्त्रे नमः
प्रनवउँ पवनकुमार खल बन पावक ग्यान घन। जासु हृदय आगार बसहिं राम सर चाप धर॥
ॐ धनधान्यकर्यै नमः
वेताल शक्ति शर कार्मुक चक्र खट्वाङ्ग मुद्गर गदाम् अङ्कुश नागपाशान् । शूलं च कुन्तं परशुं ध्वजमुद्वहन्तं वीरं गणेशमरुणं सततं स्मरामि ॥
ऋतं च मेऽमृतं च मेऽयक्ष्मं च मेऽनामयच्च मे...
ॐ दुर्योधनकुलान्तकाय नमः