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रत्न शास्त्र — प्रश्नोत्तरी

शास्त्रों और पुराणों पर आधारित प्रामाणिक प्रश्न-उत्तर — कुल 12 प्रश्न

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रत्न शास्त्र

रत्न कितने दिन में असर दिखाता है?

नीलम 2-3 दिन(तेज), मोती 10-15, पुखराज 15, माणिक/हीरा/गोमेद 15-30, मूंगा 21-30, पन्ना 30-45, लहसुनिया ~1 माह। 3-5 वर्ष प्रभाव।

रत्न असरसमय
रत्न शास्त्र

लहसुनिया रत्न केतु शांति में कैसे सहायक?

लहसुनिया=केतु। रोग मुक्ति, दुर्घटना रक्षा, धनलाभ। अनामिका, चांदी, शनिवार, 'ॐ कें केतवे नमः'। ~1 माह। ज्योतिषी सलाह।

लहसुनियाकेतु
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रत्न पहनने से पहले कौन सी पूजा करें?

पंचामृत शुद्धि→स्नान→पूजा→दीपक→ग्रह मंत्र 108 बार→पहनें। 9 ग्रह=9 मंत्र। निर्धारित दिन+समय अनिवार्य।

रत्न पूजाशुद्धिविधि
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मूंगा रत्न पहनने के लाभ और कैसे पहनें?

मूंगा=मंगल। अनामिका, तांबा/चांदी, मंगलवार, 'ॐ अं अंगारकाय नमः'। साहस, मंगल दोष शांति। 21 दिन असर। ज्योतिषी सलाह अनिवार्य।

मूंगामंगलरत्न
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रत्न किस उंगली में पहनें — ग्रह अनुसार?

तर्जनी=पुखराज(गुरु), मध्यमा=नीलम/गोमेद(शनि/राहु), अनामिका=माणिक/मूंगा/हीरा, कनिष्ठा=पन्ना/मोती। गलत उंगली=गलत फल।

रत्न उंगलीग्रह
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गोमेद रत्न से राहु दोष दूर होता है क्या?

गोमेद=राहु। हाँ राहु दोष शमन। मध्यमा, चांदी, शनिवार शाम, 'ॐ रां राहवे नमः'। 15-30 दिन। ज्योतिषी सलाह।

गोमेदराहु
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मोती माला से चंद्र शांत होता है क्या?

हाँ — मोती=चंद्र(मन)। शांति, अनिद्रा दूर। कनिष्ठा, चांदी, सोमवार, 'ॐ चंद्राय नमः'। 10-15 दिन। कर्क विशेष।

मोतीचंद्रशांति
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रत्न और रुद्राक्ष एक साथ पहन सकते हैं क्या?

हाँ — रत्न(ग्रह)+रुद्राक्ष(शिव)=पूरक। शत्रु ग्रह बचें। 5 मुखी+कोई रत्न=सुरक्षित। ज्योतिषी पुष्टि।

रत्न रुद्राक्षएक साथ
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गलत रत्न पहनने से क्या नुकसान?

स्वास्थ्य, आर्थिक, कलह, मानसिक, दुर्घटना। कारण: बिना कुंडली, शत्रु ग्रह, गलत विधि, नकली। रत्न=दवाई — ज्योतिषी अनिवार्य।

गलत रत्ननुकसान
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पुखराज रत्न किसे पहनना चाहिए?

पुखराज=गुरु। तर्जनी, सोना, गुरुवार, 'ॐ बृं बृहस्पतये नमः'। धनु/मीन विशेष। ज्ञान, धन, विवाह। 15 दिन असर।

पुखराजबृहस्पतिगुरु
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रत्न किस दिन पहनें — शुभ मुहूर्त कैसे देखें?

रवि=माणिक, सोम=मोती, मंगल=मूंगा, बुध=पन्ना, गुरु=पुखराज, शुक्र=हीरा, शनि=नीलम/गोमेद/लहसुनिया। शुक्ल पक्ष, ग्रहण बचें।

रत्न दिनमुहूर्त
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नीलम रत्न पहनना खतरनाक क्यों माना जाता है?

नीलम=शनि(सबसे कठोर)। सूट करे=राजा, न करे=रंक। 2-3 दिन असर। तकिए परीक्षा। मध्यमा, शनिवार। बिना ज्योतिषी कभी न पहनें।

नीलमशनिखतरनाक

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