राजस्थान
Sūrajgarh (राजस्थान) में शुभ मुहूर्त जानना हर शुभ कार्य के लिए आवश्यक है। ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से 96 मिनट पहले शुरू होता है — यह ध्यान, पूजा और अध्ययन के लिए सर्वोत्तम है।
अभिजित मुहूर्त दोपहर के समय लगभग 48 मिनट का होता है और किसी भी शुभ कार्य के लिए सर्वश्रेष्ठ है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल में नए कार्य शुरू करने से बचना चाहिए।
Sūrajgarh में 2 अगस्त 2026, रविवार का यह पेज केवल एक शुभ स्लॉट दिखाने के लिए नहीं है; इसका सही उपयोग तब होता है जब आप ब्रह्म मुहूर्त, अभिजीत मुहूर्त और साथ वाले अशुभ काल को एक ही निर्णय का हिस्सा बनाते हैं।
अगर कार्य बहुत महत्वपूर्ण है, तो सिर्फ अभिजीत या ब्रह्म मुहूर्त देखकर निर्णय न लें। उसी दिन की तिथि, नक्षत्र, राहुकाल और स्थानीय सूर्योदय-सूर्यास्त का फर्क भी साथ देखना चाहिए।
10 अन्य शहरों के लिंक इसलिए उपयोगी हैं क्योंकि मुहूर्त समय स्थान बदलने पर बदल सकता है। यात्रा, विवाह या पूजा का शहर अलग हो तो उसी शहर का समय प्राथमिक मानें।
ध्यान, जप और अध्ययन जैसे कार्यों के लिए ब्रह्म मुहूर्त को प्राथमिकता दें।
नया काम, यात्रा या लेन-देन शुरू करना हो तो पहले राहुकाल और यमगंड से टकराव देखें।
विवाह, गृहप्रवेश या संस्कार जैसे काम के लिए पंचांग, तिथि और नक्षत्र भी साथ मिलाकर देखें।
Sūrajgarh में ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से 96 मिनट पहले शुरू होकर 48 मिनट चलता है। यह ध्यान और साधना के लिए सर्वोत्तम है।
अभिजित मुहूर्त Sūrajgarh में दोपहर 12 बजे के आस-पास लगभग 48 मिनट का होता है। कोई भी शुभ कार्य इस समय शुरू करना उत्तम है।
राहु काल अशुभ काल है जिसमें नए काम शुरू न करें। शुभ मुहूर्त जैसे ब्रह्म मुहूर्त और अभिजित मुहूर्त सकारात्मक समय हैं।
अभिजित मुहूर्त में गृह प्रवेश, विवाह, व्यापार शुरू करना, नई वस्तु खरीदना, यात्रा प्रारंभ करना सभी शुभ माने जाते हैं।