भगवान हनुमान नाम मंत्र
हनुमान
असीम शारीरिक बल, बुद्धि, विद्या की प्राप्ति एवं जीव के अहंकार का नाश।
जप, संकल्प और उपासना संकेत
जप काउंटर लोड हो रहा है...
यह मंत्र क्यों?
असीम शारीरिक बल, बुद्धि, विद्या की प्राप्ति एवं जीव के अहंकार का नाश।
इस मंत्र से क्या होगा?
असीम शारीरिक बल, बुद्धि, विद्या की प्राप्ति एवं जीव के अहंकार का नाश
जाप विधि
रुद्राक्ष या लाल चंदन माला पर मानसिक या वैखरी जप।
विशेष टिप्पणियाँ
अलग-अलग श्रेणियों से
हर श्रेणी से एक चुनिंदा मंत्र — नया खोजें
ॐ यन्मे गर्भे वसतः पापमुग्रं यज्जायमानस्य च किंचिदन्यत् । तत्पवमानः पवित्रेण पुनातु ॥
shanti mantraॐ सर्वे भवन्तु सुखिनः । सर्वे सन्तु निरामयाः । सर्वे भद्राणि पश्यन्तु । मा कश्चिद्दुःखभाग्भवेत् ॥ ॐ शान्तिः शान्तिः शान्तिः ॥
beej mantraक्रीं
kavach mantraशम्भुर्मे मस्तकं पातु मुखं पातु महेश्वरः। दन्तपङ्क्तिं च नीलकण्ठोऽप्यधरोष्ठं हरः स्वयम्। कण्ठं पातु चन्द्रचूडः स्कन्धौ वृषवाहनः। वक्षःस्थलं नीलकण्ठः पातु पृष्ठं दिगम्बरः। स्वप्ने जागरणे चैव स्थाणुर्मे पातु सन्ततम्। 8
ugra mantraॐ ह्रीं मैं भीमाय नमः
dhyan mantraॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम्। उर्वारुकमिव बन्धनान्मृत्योर्मुक्षीय मामृतात्॥