शिव मंत्रशिव मंत्र जप के दौरान उपवास जरूरी है या नहीं?नित्य जप: उपवास अनिवार्य नहीं, सात्विक आहार पर्याप्त। विशेष अनुष्ठान (सवा लाख जप): उपवास/एकाहार/फलाहार का विधान। सोमवार व्रत, महाशिवरात्रि पर जप+उपवास विशेष फलदायी। मांस-मदिरा-तामसिक आहार सदा वर्जित। शारीरिक स्थिति अनुसार निर्णय लें।#उपवास#जप नियम#साधना
श्रीमद्भागवतभागवत सप्ताह में किन चीजों से परहेज करें?दाल, मधु, तेल, भारी अन्न, दूषित पदार्थ, बासी अन्न, काम-क्रोध-लोभ और निंदा से बचना बताया गया है।#परहेज#भागवत सप्ताह
श्रीमद्भागवतउपवास से कथा सुनने में बाधा हो तो क्या करें?यदि उपवास से श्रवण में बाधा हो तो भोजन करना बेहतर है; वही नियम लें जो कथा सुनने में सहायक हो।#उपवास#कथा श्रवण#आहार
श्रीमद्भागवतभागवत सप्ताह में एक समय भोजन कर सकते हैं?हाँ, एक समय भोजन का विधान है; श्रोता हविष्य अन्न या सुविधा अनुसार एक समय भोजन करके कथा सुन सकता है।#एक समय भोजन#भागवत सप्ताह#आहार
श्रीमद्भागवतभागवत सप्ताह में उपवास जरूरी है?उपवास अनिवार्य नहीं है; यदि उपवास से श्रवण में बाधा हो तो भोजन करना बेहतर बताया गया है।#उपवास#भागवत सप्ताह#आहार
श्रीमद्भागवतभागवत सप्ताह में क्या खाना चाहिए?श्रोता एक समय हविष्य अन्न खा सकता है; शक्ति हो तो उपवास, दूध-घी, फलाहार या एक समय भोजन का विकल्प है।#आहार#भागवत सप्ताह#हविष्य
भूतनाथ मंत्र साधनासाधना के दौरान क्या नहीं खाना चाहिए?साधना के दौरान लहसुन, प्याज, मांस, मसूर की दाल, मूली और गाजर खाना वर्जित है।#आहार#परहेज#साधना नियम
पाशुपत अस्त्र साधनासाधना के दौरान खान-पान कैसा होना चाहिए?साधना काल में केवल शुद्ध सात्त्विक भोजन ही ग्रहण करना चाहिए।#आहार#सात्त्विक भोजन#शुद्धि
जप आहारमंत्र जप के दौरान क्या खाना चाहिए?जप में आहार: फल-दूध सर्वोत्तम, सादा सात्विक भोजन। वर्जित: प्याज-लहसुन, मांसाहार, मद्य, बासी भोजन। पुरश्चरण में एकभुक्त। जप से 2 घंटे पहले भारी भोजन नहीं। खाली पेट या फलाहार बाद — जप सर्वोत्तम।#आहार#सात्विक#फल
तंत्र साधनातंत्र साधना में सात्विक आहार क्यों आवश्यक है?गीता: सात्विक = आयु+बल+स्वास्थ्य। छांदोग्य: 'आहारशुद्धौ सत्त्वशुद्धिः' (शुद्ध भोजन=शुद्ध मन)। ऊर्जा↑, नाड़ी शुद्ध (कुंडलिनी)। दूध/घी/फल/अन्न। वर्जित: मांस/मदिरा/प्याज। वाम मार्ग: अपवाद।#सात्विक#आहार#तंत्र