तीर्थ स्थलनैमिषारण्य तीर्थ कहाँ है और इसका महत्व?सीतापुर UP (लखनऊ ~90km), गोमती तट। 88,000 ऋषियों ने पुराण सुने। विष्णु चक्र से असुर नाश। चक्रतीर्थ, व्यास गद्दी। एक दिन निवास = लाखों वर्ष तप पुण्य।#नैमिषारण्य#लखनऊ#88000 ऋषि
मरणोपरांत आत्मा यात्रानारायण बलि किन तीर्थों में किया जा सकता है?नारायण बलि गंगा, यमुना, नैमिषारण्य और पुष्कर जैसे तीर्थों में किया जा सकता है।#नारायण बलि तीर्थ#गंगा#यमुना
रामचरितमानस — बालकाण्डमनु-शतरूपा ने किस स्थान पर तपस्या की?नैमिषारण्य तीर्थ में, फिर गोमती नदी के किनारे। वहाँ मुनियों ने सब तीर्थ करा दिये। वल्कल वस्त्र धारण करके संत-समाज में नित्य पुराण सुनते और द्वादशाक्षर मन्त्र (ॐ नमो भगवते वासुदेवाय) का जप करते थे।#बालकाण्ड#मनु शतरूपा#नैमिषारण्य