ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
टैग

सुधर्मा से जुड़े सभी प्रश्न(6)

सुधर्मा पर शास्त्रीय व्याख्या, विधि, नियम, मंत्र और लाभ — सब एक ही स्थान पर। कुल 6 प्रश्न उपलब्ध हैं।

लोक

सुधर्मा सभा 'काम-गामिनी' क्यों कहलाती है?

सुधर्मा सभा को काम-गामिनी इसलिए कहते हैं क्योंकि यह स्थिर संरचना नहीं है — यह इच्छानुसार आकाश में तीव्र या मंद गति से विचरण कर सकती है।

#सुधर्मा#काम-गामिनी#आकाश
लोक

इन्द्र की सुधर्मा सभा में कौन से ऋषि आते हैं?

सुधर्मा सभा में महर्षि पराशर, दुर्वासा, याज्ञवल्क्य, व्यासदेव, हरिश्चन्द्र, विश्वकर्मा, तुम्बुरु, बृहस्पति, शुक्राचार्य और भृगु-सप्तर्षि आते हैं।

#सुधर्मा#ऋषि#नारद
लोक

सुधर्मा सभा में कौन-कौन होते हैं?

सुधर्मा सभा में इन्द्र-शची के अलावा सिद्ध, साध्य, महर्षि पराशर, दुर्वासा, याज्ञवल्क्य, व्यासदेव, बृहस्पति, शुक्राचार्य और तुम्बुरु जैसे महान जन उपस्थित रहते हैं।

#सुधर्मा#सदस्य#ऋषि
लोक

सुधर्मा सभा कैसी दिखती है?

सुधर्मा सभा 150 योजन लंबी, 100 योजन चौड़ी और 5 योजन ऊँची है। यह सूर्य के समान प्रकाशित है और इच्छानुसार आकाश में विचरण करती है।

#सुधर्मा#आकार#150 योजन
लोक

सुधर्मा सभा में जाने से क्या होता है?

सुधर्मा सभा में प्रवेश करते ही शोक, बुढ़ापा, थकान, चिंता और भय का पूर्णतः नाश हो जाता है। यह सभा आकाश में इच्छानुसार गति भी कर सकती है।

#सुधर्मा#शोक मुक्ति#बुढ़ापा
लोक

इन्द्र की राजसभा का क्या नाम है?

इन्द्र की राजसभा का नाम 'सुधर्मा' है जिसे 'पुष्कर-मालिनी' भी कहते हैं। यह अमरावती के मध्य में है और स्वर्लोक का शासन यहीं से होता है।

#इन्द्र#राजसभा#सुधर्मा
सम्पूर्ण प्रश्नोत्तरी
सभी प्रश्न देखें

10,000+ शास्त्रीय प्रश्नोत्तर — श्रेणी, हब और टैग में सजे।

टैग खोज
अन्य टैग देखें

पूजा, मंत्र, साधना, उपाय, ज्योतिष — विषय अनुसार छाँटे गए सभी टैग।