विस्तृत उत्तर
घर में नकारात्मक ऊर्जा को दूर करने के लिए शास्त्रों और परंपरा में अनेक उपाय बताए गए हैं। अथर्ववेद में गृह शांति के अनेक सूक्त हैं।
शास्त्रसम्मत और परंपरागत उपाय
- 1धूप और हवन — गुग्गुल, लोबान, कपूर, घी और समिधा से हवन करना सबसे प्रभावी उपाय माना जाता है। अथर्ववेद के शांति सूक्तों का पाठ करते हुए हवन करें।
- 1कपूर जलाना — प्रत्येक कमरे में कपूर जलाने से नकारात्मक ऊर्जा का शमन होता है। सप्ताह में कम से कम एक बार करें।
- 1गंगाजल छिड़काव — संपूर्ण घर में गंगाजल का छिड़काव करें, विशेषकर कोनों में।
- 1नमक का उपयोग — घर के कोनों में सेंधा नमक या समुद्री नमक रखें। यह नकारात्मक ऊर्जा को अवशोषित करता है — ऐसी मान्यता है। (इस पर अगले प्रश्न में विस्तार से चर्चा है।)
- 1शंख ध्वनि — प्रतिदिन संध्या काल में शंख बजाना शुभ माना जाता है। शंख की ध्वनि वातावरण को शुद्ध करती है।
- 1घंटी/घंटा — पूजा स्थल में घंटी बजाने से ध्वनि तरंगें नकारात्मक ऊर्जा को नष्ट करती हैं।
- 1तुलसी का पौधा — घर में तुलसी का पौधा (विशेषकर प्रांगण या ईशान कोण में) रखना अत्यंत शुभ है।
- 1नियमित सफाई और व्यवस्था — अस्त-व्यस्तता और गंदगी नकारात्मक ऊर्जा को आकर्षित करती है। घर की नियमित सफाई और अनावश्यक सामान हटाना आवश्यक है।
- 1हनुमान चालीसा/सुंदरकांड पाठ — प्रत्येक शनिवार या मंगलवार को हनुमान चालीसा और सुंदरकांड का पाठ गृह शांति के लिए प्रभावी माना जाता है।
- 1गोमूत्र/गोबर शुद्धि — परंपरागत रूप से गोमूत्र का छिड़काव और गोबर का लेपन गृह शुद्धि का प्राचीन उपाय है।
- 1स्वस्तिक और ॐ — मुख्य द्वार पर स्वस्तिक और ॐ का चिह्न लगाएं।
- 1वायु संचार और प्राकृतिक प्रकाश — घर में पर्याप्त खिड़कियां खोलें, सूर्य का प्रकाश आने दें।
गंभीर स्थिति में
- ▸वास्तु शांति हवन/पूजा किसी योग्य पंडित से कराएं।
- ▸नवग्रह शांति पूजा कराएं।
- ▸गृह प्रवेश विधि पुनः कराने की भी परंपरा है।




