ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण

पूजा समय — प्रश्नोत्तरी

शास्त्रों और पुराणों पर आधारित प्रामाणिक प्रश्न-उत्तर — कुल 5 प्रश्न

🔍
पूजा समय

पूजा का सही समय क्या है?

पूजा का सर्वोत्तम समय: ब्रह्ममुहूर्त (प्रातः 4:00–5:36)। त्रिकाल संध्या — सूर्योदय, दोपहर और सूर्यास्त — भी शुभ। शिव पूजा के लिए प्रदोष काल विशेष। नित्य एक ही समय पर पूजा करना — नियमितता सर्वाधिक महत्वपूर्ण है।

पूजा समयब्रह्ममुहूर्तसंध्या
पूजा समय

काली पूजा कब करनी चाहिए?

काली पूजा का सर्वोत्तम समय: दीपावली की रात (कार्तिक अमावस्या) — महाकाल। मासिक: अमावस्या और कालाष्टमी (कृष्ण अष्टमी)। वार: शनिवार और मंगलवार। दैनिक: ब्रह्ममुहूर्त (सामान्य साधना) और निशीथ काल (तांत्रिक साधना — केवल दीक्षित)।

काली पूजा समयअमावस्यादीपावली
पूजा समय

काली पूजा कब करनी चाहिए?

काली पूजा का सर्वोत्तम समय: दीपावली की रात (कार्तिक अमावस्या) — महाकाल। मासिक: अमावस्या और कालाष्टमी (कृष्ण अष्टमी)। वार: शनिवार और मंगलवार। दैनिक: ब्रह्ममुहूर्त (सामान्य साधना) और निशीथ काल (तांत्रिक साधना — केवल दीक्षित)।

काली पूजा समयअमावस्यादीपावली
पूजा समय

शिवलिंग की पूजा कब करनी चाहिए?

शिवलिंग पूजा के लिए: ब्रह्ममुहूर्त सर्वोत्तम, प्रदोष काल शिव का विशेष समय। सोमवार और श्रावण मास में पूजा विशेष पुण्यकारी है। प्रदोष व्रत (त्रयोदशी) — शिव पूजा का महाकाल। नित्य एक निश्चित समय पर पूजा करें।

पूजा समयप्रदोषसोमवार
पूजा समय

पूजा का सही समय क्या है?

पूजा का सर्वोत्तम समय ब्रह्ममुहूर्त (प्रातः 4-5:36 बजे) है। प्रातः संध्या (सूर्योदय) गृहस्थों के लिए उत्तम है। सायंकाल संध्या दीप और आरती के लिए शुभ है। वार के अनुसार: सोमवार-शिव, मंगलवार-हनुमान, गुरुवार-विष्णु, शुक्रवार-लक्ष्मी। राहुकाल में पूजा उचित नहीं।

पूजा समयब्रह्ममुहूर्तसंध्या

सनातन धर्म प्रश्नोत्तरी — शास्त्रीय ज्ञान

पौराणिक प्रश्नोत्तरी पर आपको हिंदू धर्म, वेद, पुराण, भगवद गीता, रामायण, महाभारत, पूजा विधि, व्रत-त्योहार, मंत्र, देवी-देवताओं और सनातन संस्कृति से जुड़े सैकड़ों प्रश्नों के प्रामाणिक उत्तर मिलेंगे। प्रत्येक उत्तर शास्त्रों और प्राचीन ग्रंथों पर आधारित है। किसी भी प्रश्न पर क्लिक करें और विस्तृत, प्रमाणित उत्तर पढ़ें।