ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण

प्रदक्षिणा — प्रश्नोत्तरी

शास्त्रों और पुराणों पर आधारित प्रामाणिक प्रश्न-उत्तर — कुल 3 प्रश्न

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मंदिर रहस्य

मंदिर में प्रदक्षिणा पथ पर नंगे पैर चलने का क्या वैज्ञानिक कारण है?

नंगे पैर: धार्मिक — पवित्रता, विनम्रता, ऊर्जा ग्रहण। वैज्ञानिक — Earthing (ऋणात्मक आयन = तनाव↓, रक्तसंचार↑), एक्यूप्रेशर (पैर तलवे = शरीर के बिन्दु), ताँबा/धातु ऊर्जा (मंदिर नींव), स्वच्छता। प्रदक्षिणा = ब्रह्माण्डीय गति।

नंगे पैरप्रदक्षिणाग्राउंडिंग
मंदिर

मंदिर में परिक्रमा क्यों की जाती है?

परिक्रमा क्यों: विष्णु पुराण: 'प्रत्येक पग पर जन्म-जन्मांतर के पाप नष्ट।' आगम शास्त्र: देव-ऊर्जा-क्षेत्र में भ्रमण। स्कंद पुराण: ब्रह्माण्डीय गति का अनुसरण। विनम्रता (देवता = केंद्र)। संख्या: शिव-अर्धपरिक्रमा, विष्णु-4, गणेश-3, दुर्गा-1 या 3।

मंदिरपरिक्रमाप्रदक्षिणा
शिव पूजा

शिव पूजा के बाद क्या करना चाहिए?

शिव पूजा के बाद: क्षमा-प्रार्थना ('आवाहनं न जानामि...') — अनिवार्य। अर्धपरिक्रमा (3 या 7 बार, जलधारी पार न करें)। पंचामृत प्रसाद + भस्म माथे पर। 10-20 मिनट मौन ध्यान। पुष्प/बिल्वपत्र पवित्र स्थान पर। नित्य 'ॐ नमः शिवाय' का मानसिक जप।

शिव पूजापूजा के बादविसर्जन

सनातन धर्म प्रश्नोत्तरी — शास्त्रीय ज्ञान

पौराणिक प्रश्नोत्तरी पर आपको हिंदू धर्म, वेद, पुराण, भगवद गीता, रामायण, महाभारत, पूजा विधि, व्रत-त्योहार, मंत्र, देवी-देवताओं और सनातन संस्कृति से जुड़े सैकड़ों प्रश्नों के प्रामाणिक उत्तर मिलेंगे। प्रत्येक उत्तर शास्त्रों और प्राचीन ग्रंथों पर आधारित है। किसी भी प्रश्न पर क्लिक करें और विस्तृत, प्रमाणित उत्तर पढ़ें।