ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
उद्देश्य अनुसार मंत्र
भगवान शिव

भगवान शिव काम्य मंत्र

ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम्। उर्वारुकमिव बन्धनान् मृत्योर्मुक्षीय मामृतात्॥

शारीरिक व्याधियों, असाध्य रोगों और अकाल मृत्यु के भय से पूर्ण मुक्ति एवं आरोग्य प्राप्ति 8।

साधना मंडल

जप, संकल्प और उपासना संकेत

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प्रकारकाम्य मंत्र
प्रयोजन

यह मंत्र क्यों?

शारीरिक व्याधियों, असाध्य रोगों और अकाल मृत्यु के भय से पूर्ण मुक्ति एवं आरोग्य प्राप्ति 8।

लाभ एक दृष्टि में

इस मंत्र से क्या होगा?

01

शारीरिक व्याधियों, असाध्य रोगों और अकाल मृत्यु के भय से पूर्ण मुक्ति एवं आरोग्य प्राप्ति

जाप विधि

सूर्योदय से पूर्व स्नान कर, ऊन के आसन पर उत्तर दिशा की ओर मुख करके घी का दीपक जलाकर रुद्राक्ष की माला से सवा लाख जप का अनुष्ठान, दशांश हवन व रुद्राभिषेक करें। पूर्ण ब्रह्मचर्य एवं सात्विक आहार अनिवार्य है 8।

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