भगवान कार्तिकेय नाम मंत्र
षण्मुख
चारों दिशाओं, ऊपर और नीचे से आने वाली विपत्तियों से पूर्ण सुरक्षा।
जप, संकल्प और उपासना संकेत
जप काउंटर लोड हो रहा है...
यह मंत्र क्यों?
चारों दिशाओं, ऊपर और नीचे से आने वाली विपत्तियों से पूर्ण सुरक्षा।
इस मंत्र से क्या होगा?
चारों दिशाओं, ऊपर और नीचे से आने वाली विपत्तियों से पूर्ण सुरक्षा
जाप विधि
सभी ६ दिशाओं (चार दिशाएं, आकाश, पाताल) का ध्यान करते हुए मानसिक जप।
विशेष टिप्पणियाँ
अलग-अलग श्रेणियों से
हर श्रेणी से एक चुनिंदा मंत्र — नया खोजें
श्रीं
mool mantraॐ श्रीं ह्रीं श्रीं कमले कमलालये प्रसीद प्रसीद ॐ श्रीं ह्रीं श्रीं महालक्ष्मये नमः
kaamya mantraॐ ऐं महासरस्वत्यै नमः।
bhakti mantraहरि ओम तत्सत जय गुरु दत्त
siddh mantraकालीं कूर्चं परं नाम दक्षिणे दक्षिणे कालिके तता । वशिष्ठ मन्त्रं प्रोच्च्यार्थ मोचय दयमीश्वरि कालीं कूर्चं परे निरमेशास्याश्चापहारिणी ॥ कालीं भीमं ठटं भद्रकाली भीमं शिवस्यहि शापं मोचय युग्मापो विध्येयं चापहारिणी ॥
stotra mantraमन्दाकिनीसलिलचन्दनचर्चिताय नन्दीश्वरप्रमथनाथमहेश्वराय। मन्दारपुष्पबहुपुष्पसुपूजिताय तस्मै म काराय नमः शिवाय॥ 19