ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
उद्देश्य अनुसार मंत्र
माता लक्ष्मी / कनकधारा स्तोत्र

माता लक्ष्मी / कनकधारा स्तोत्र स्तोत्र मंत्र

स्तुवन्ति ये स्तुतिभिरमीभिरन्वहं त्रयीमयीं त्रिभुवनमातरं रमाम् । गुणाधिका गुरुतरभाग्यभागिनो भवन्ति ते भुवि बुधभाविताशयाः ॥ 31

स्वर्ण के समान समृद्धि व धन का प्रवाह, आर्थिक संकट का निवारण तथा आत्मिक व मानसिक शांति 25।

साधना मंडल

जप, संकल्प और उपासना संकेत

जप काउंटर लोड हो रहा है...

प्रकारस्तोत्र मंत्र
प्रयोजन

यह मंत्र क्यों?

स्वर्ण के समान समृद्धि व धन का प्रवाह, आर्थिक संकट का निवारण तथा आत्मिक व मानसिक शांति 25।

लाभ एक दृष्टि में

इस मंत्र से क्या होगा?

01

स्वर्ण के समान समृद्धि व धन का प्रवाह, आर्थिक संकट का निवारण तथा आत्मिक व मानसिक शांति

जाप विधि

माता लक्ष्मी की प्रतिमा के समक्ष दीप जलाकर 5 या 11 बार पाठ करें। शुक्रवार की रात 9 से 11 बजे के मध्य किया गया पाठ विशेष फलदायी होता है 25।

विशेष टिप्पणियाँ

इसे भी पढ़ें

अलग-अलग श्रेणियों से

हर श्रेणी से एक चुनिंदा मंत्र — नया खोजें