स्वर्णाकर्षण भैरव (प्रार्थना) तांत्रिक तांत्रिक मंत्र
ॐ स्वर्णाकर्षण भैरवं देवं सर्व शक्ति समन्वितम् सर्व अभीष्ट फलं देहि श्री क्षेत्रपाल नमोस्तुते
भौतिक संपन्नता के साथ-साथ शिव-तत्व और मोक्ष की प्राप्ति (तमो गुण से ज्योति की ओर प्रस्थान) 53।
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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यह मंत्र क्यों?
भौतिक संपन्नता के साथ-साथ शिव-तत्व और मोक्ष की प्राप्ति (तमो गुण से ज्योति की ओर प्रस्थान) 53।
इस मंत्र से क्या होगा?
भौतिक संपन्नता के साथ-साथ शिव-तत्व और मोक्ष की प्राप्ति (तमो गुण से ज्योति की ओर प्रस्थान)
जाप विधि
भैरवी और भैरव का संयुक्त ध्यान (जिसमें भैरव भैरवी को गोद में बैठाए हुए हैं) करते हुए स्वर्ण या पीत पुष्पों से पंचोपचार पूजा कर जप करें 53।
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beej mantraह्लीं