मेघनाद चरित्रइंद्रजीत का यज्ञ क्यों था और उसे क्यों तोड़ा गयानिकुंभला यज्ञ से मेघनाद को अजेय दिव्य रथ मिलता — ब्रह्मा का वरदान था। परंतु यज्ञ भंग होने पर वह मारा जाएगा — यह शर्त थी। विभीषण के मार्गदर्शन में हनुमान और लक्ष्मण ने यज्ञ भंग कर मेघनाद को वध-योग्य बनाया।#निकुंभला यज्ञ#मेघनाद#ब्रह्मा वरदान
दिव्यास्त्रमेघनाद ने हनुमान पर वैष्णवास्त्र चलाया तो क्या हुआ?ब्रह्मा जी के वरदान के कारण हनुमान जी पर मेघनाद के वैष्णवास्त्र का कोई प्रभाव नहीं पड़ा। दिव्य वरदान ने इस महाशक्तिशाली अस्त्र को भी निष्प्रभावी कर दिया।
शिव लीलागजासुर ने किसकी तपस्या करके वरदान पाया?गजासुर ने ब्रह्माजी की घोर तपस्या की और उनसे वरदान पाया कि कोई देवता, मानव या राक्षस उसे न मार सके और उसका शरीर अभेद्य हो। वरदान पाकर वह अजेय और उन्मत्त हो गया।#गजासुर तपस्या#ब्रह्मा वरदान#गजासुर
कार्तिकेय कथातारकासुर के वध के लिए शिव-पुत्र की जरूरत क्यों थी?तारकासुर ने ब्रह्मा से यह वरदान लिया था कि उसका वध केवल शिव-पुत्र से होगा। उसने यह सोचकर यह माँगा था कि संन्यासी शिव का पुत्र कभी नहीं होगा। इस वरदान को पूरा करने के लिए ही कार्तिकेय का जन्म आवश्यक था।#तारकासुर वरदान#शिव पुत्र#तारकासुर वध
रामायणकुंभकर्ण छह महीने क्यों सोता था?कुंभकर्ण ने तपस्या से ब्रह्माजी को प्रसन्न किया और 'इंद्रासन' माँगना चाहा। पर देवताओं की प्रार्थना पर सरस्वती उसकी जिह्वा पर विराजी, जिससे मुख से 'निद्रासन' निकला। ब्रह्माजी ने तथास्तु कहा और वह छह-छह महीने सोने लगा।#कुंभकर्ण#ब्रह्मा वरदान#रावण भाई
लोकत्रिपुरासुरों ने ब्रह्मा जी से क्या वरदान माँगा?त्रिपुरासुरों ने अमरता न मिलने पर तीन अजेय उड़ने वाले नगरों का वरदान माँगा।#त्रिपुरासुर#ब्रह्मा वरदान#तीन नगर
अवतरण की कथामहिषासुर को वरदान कैसे मिला और वह कितना शक्तिशाली था?महिषासुर: कठिन तप से ब्रह्माजी से वरदान — 'कोई पुरुष देवता या मानव मार नहीं सकेगा।' वरदान के बाद अहंकारी हुआ → तीनों लोकों में आतंक → इंद्र आदि देवताओं को स्वर्ग से निकाला → स्वर्ग पर अधिकार जमाया।#महिषासुर वरदान#ब्रह्मा वरदान#तीनों लोक
सती से पार्वती तक की महाकथातारकासुर का वरदान क्या था?तारकासुर ने ब्रह्मा की तपस्या से वरदान पाया: मृत्यु केवल 'शिव के पुत्र' से। वह जानता था शिव अब विवाह नहीं करेंगे, इसलिए स्वयं को अमर मानकर तीनों लोकों में भयंकर अत्याचार करने लगा।#तारकासुर#ब्रह्मा वरदान#शिव पुत्र
शिव लीलागजासुर को क्या वरदान मिला था?गजासुर को ब्रह्मा से वरदान मिला कि काम में लिप्त कोई स्त्री-पुरुष उसे नहीं मार सकते। इससे वह व्यावहारिक रूप से अवध्य हो गया। केवल काम से परे भगवान शिव ही उसका वध कर सकते थे।#गजासुर वरदान#ब्रह्मा वरदान#अजेय