विस्तृत उत्तर
प्रत्येक ग्रह का विशिष्ट मंत्र और सार्वभौमिक शांति मंत्र:
सार्वभौमिक (सभी ग्रह)
- ▸नवग्रह स्तोत्र: प्रतिदिन पाठ = सभी ग्रह शांत।
- ▸महामृत्युंजय मंत्र: सर्वदोष शांति।
- ▸गायत्री मंत्र: सर्वग्रह शांतिकारक।
ग्रह अनुसार बीज मंत्र
- 1सूर्य: 'ॐ ह्रां ह्रीं ह्रौं सः सूर्याय नमः' (7,000)
- 2चंद्र: 'ॐ श्रां श्रीं श्रौं सः चंद्रमसे नमः' (11,000)
- 3मंगल: 'ॐ क्रां क्रीं क्रौं सः भौमाय नमः' (10,000)
- 4बुध: 'ॐ ब्रां ब्रीं ब्रौं सः बुधाय नमः' (9,000)
- 5गुरु: 'ॐ ग्रां ग्रीं ग्रौं सः गुरवे नमः' (19,000)
- 6शुक्र: 'ॐ द्रां द्रीं द्रौं सः शुक्राय नमः' (16,000)
- 7शनि: 'ॐ प्रां प्रीं प्रौं सः शनैश्चराय नमः' (23,000)
- 8राहु: 'ॐ भ्रां भ्रीं भ्रौं सः राहवे नमः' (18,000)
- 9केतु: 'ॐ स्रां स्रीं स्रौं सः केतवे नमः' (17,000)
ध्यान रखें: कुण्डली विश्लेषण → कमजोर/अशुभ ग्रह पहचानें → उसका मंत्र जपें। ज्योतिषी परामर्श अनिवार्य।





