विस्तृत उत्तर
नवीन घर में प्रवेश से पूर्व मंदिर में पूजा करना और फिर घर में गृह प्रवेश पूजा करना — दोनों अत्यन्त शुभ हैं।
मंदिर में गृह प्रवेश पूजा सामग्री
1सामान्य पूजा सामग्री
- ▸कलश (ताँबा/पीतल) — जल भरा, नारियल ऊपर, मांगो के पत्ते
- ▸रोली/कुंकुम, हल्दी, सिंदूर
- ▸अक्षत (चावल — हल्दी मिश्रित)
- ▸पुष्प (गेंदा, गुलाब, कमल)
- ▸धूप, अगरबत्ती, कपूर
- ▸दीपक + घी/तेल + बत्ती
- ▸नारियल (2-3)
- ▸सुपारी (5-11)
- ▸पान के पत्ते
2विशेष सामग्री
- ▸गंगाजल (स्प्रिंकल हेतु)
- ▸पंचामृत (दूध, दही, घी, शहद, शक्कर)
- ▸लाल/पीला वस्त्र (देवता को अर्पित)
- ▸फल (5 प्रकार — केला, सेब, संतरा, अनार, नारियल)
- ▸मिठाई (लड्डू/पेड़ा — भोग हेतु)
- ▸स्वस्तिक बनाने हेतु हल्दी/कुंकुम
3दक्षिणा सामग्री
- ▸दक्षिणा (₹101/₹251/₹501)
- ▸पुरोहित हेतु वस्त्र/शाल (वैकल्पिक)
मंदिर में पूजा विधि (संक्षिप्त)
- 1मंदिर में देवता के दर्शन
- 2कलश अर्पित/पूजा
- 3गृह प्रवेश हेतु विशेष प्रार्थना — 'हे भगवान, हमारे नवीन गृह में सुख-शांति-समृद्धि बनी रहे'
- 4नारियल तोड़कर अर्पित
- 5प्रसाद ग्रहण
- 6पुजारी से आशीर्वाद
- 7फिर नवीन घर की ओर प्रस्थान
घर में गृह प्रवेश विधि (संक्षिप्त)
- ▸दूध का बर्तन उबालकर (प्रथम कार्य — दूध उफनना = समृद्धि)
- ▸गणपति पूजन
- ▸वास्तु पूजन/हवन
- ▸गृह लक्ष्मी (पत्नी) सर्वप्रथम दाहिने पैर से प्रवेश
- ▸कलश लेकर प्रवेश
- ▸सभी कमरों में गंगाजल छिड़काव
शुभ मुहूर्त
गृह प्रवेश का मुहूर्त ज्योतिषी से निकलवाएँ। सामान्यतः शुक्ल पक्ष, गुरुवार/शुक्रवार, उत्तराषाढ़/रोहिणी/पुष्य नक्षत्र उत्तम।





