विस्तृत उत्तर
शिव मंदिर में प्रवेश के कुछ सर्वमान्य नियम हैं:
1शारीरिक शुद्धता
- ▸स्नान करके जाएं (या कम से कम हाथ-मुंह धोकर)।
- ▸स्वच्छ वस्त्र पहनें।
- ▸जूते-चप्पल मंदिर के बाहर उतारें।
2मानसिक शुद्धता
- ▸शांत, भक्तिभाव से प्रवेश करें।
- ▸क्रोध, ईर्ष्या, अहंकार से मुक्त मन।
- ▸मोबाइल फोन साइलेंट या बंद रखें।
3प्रवेश क्रम
- ▸मंदिर द्वार पर प्रणाम करें (दहलीज पर पैर न रखें)।
- ▸पहले नंदी के दर्शन करें — नंदी और शिवलिंग के बीच से न गुजरें।
- ▸शिवलिंग के सामने खड़े होकर दर्शन करें।
4प्रदक्षिणा नियम
- ▸शिव मंदिर में पूर्ण प्रदक्षिणा (गोल) नहीं करते — अर्ध प्रदक्षिणा।
- ▸जलाधारी (जलनिकास नाली) को लांघना वर्जित — उसी से लौटें।
5विशेष नियम
- ▸शिवलिंग को स्पर्श करने से पूर्व हाथ शुद्ध करें।
- ▸शिवलिंग पर चढ़ा निर्माल्य (प्रसाद) ग्रहण न करें (अपवाद: कुछ विशेष मंदिर)।
- ▸शिवलिंग पर सिंदूर, हल्दी, कुमकुम न चढ़ाएं।
- ▸तुलसी शिवलिंग पर न चढ़ाएं।
- ▸शंख न बजाएं (शिव मंदिर में शंख वर्जित)।
6स्त्रियों के विशेष नियम
- ▸कुछ मंदिरों में मासिक धर्म के दौरान प्रवेश वर्जित (परंपरा अनुसार)।
- ▸महाकालेश्वर भस्म आरती में साड़ी अनिवार्य, घूंघट नियम।
7सामान्य शिष्टाचार
- ▸शोर न करें।
- ▸बच्चों को संभालें।
- ▸मंदिर में भोजन न करें।
- ▸फोटो/वीडियो गर्भगृह में न लें (अधिकतर मंदिरों में)।





