ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
श्रीरामचरितमानस · बाल काण्ड

बाल काण्ड दोहा 46

बाल काण्ड · Baal Kaand

मूल पाठ

प्रभु सोइ राम कि अपर कोउ जाहि जपत त्रिपुरारि । सत्यधाम सर्वज्ञ तुम्ह कहहु बिबेकु बिचारि ॥ ४६ ॥

हिन्दी अर्थ

सरल भावार्थ

हे प्रभो! वही राम हैं या और कोई दूसरे हैं, जिनको शिवजी जपते हैं? आप सत्यके धाम हैं और सब कुछ जानते हैं, ज्ञान विचारकर कहिये ॥ ४६ ॥

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श्रीरामचरितमानस दोहा 46 बाल काण्ड — हिन्दी अर्थ सहित | Pauranik