यक्षराज कुबेर बीज बीज मंत्र
धां
अपार धन, पैतृक संपत्ति, विलासिता के साधन, व्यापारिक मुनाफा और सभी प्रकार की भौतिक सफलताओं की अत्यंत तीव्र प्राप्ति 19।
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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यह मंत्र क्यों?
अपार धन, पैतृक संपत्ति, विलासिता के साधन, व्यापारिक मुनाफा और सभी प्रकार की भौतिक सफलताओं की अत्यंत तीव्र प्राप्ति 19।
इस मंत्र से क्या होगा?
अपार धन, पैतृक संपत्ति, विलासिता के साधन, व्यापारिक मुनाफा और सभी प्रकार की भौतिक सफलताओं की अत्यंत तीव्र प्राप्ति
जाप विधि
प्रातः काल स्वच्छ होकर, उत्तर दिशा की ओर मुख करके 108 बार जप करें 19।
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sabar mantraभैरव शिव का चेला जहां जहां-जहां जाऊं नगर डगर लगे वहां फिर मेला शिव का धुना गोरख तापे काल कंटक थर थर कांपे मेरी रक्षा करें नवनाथ रामदूत हनुमंत रिद्धि सिद्धि आंगन विराजे माई अन्नपूर्णा सुखवंत शब्द सांचा पिंड काचा चलो मंत्र ईश्वर वाचा ओम गुरु जी गोरख जति मच्छिंद्र का चेला शिव के रूप में दिखे अलबेला कानों कुंडल गले में नादी हाथ त्रिशूल नाथ है आदि अलख पुरुष को करूं आदेश जन्म जन्म के काटो कलेश भगवा वेश हाथ में खप्पर भैरव शिव का चेला जहां जहां जाऊं नगर डगर लगे वहां फिर मेला शिव का धुना गोरख तापे काल कंटक थर थर कांपे मेरी रक्षा करें नवनाथ रामदूत हनुमंत रिद्धि सिद्धि आंगन विराजे माई अन्नपूर्णा सुखवंत शब्द सांचा पिंड कांचा चलो मंत्र ईश्वर वाचा 2
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