भगवान श्री जगन्नाथ भक्ति मंत्र
जय जगन्नाथ
सांसारिक दुखों और पापों से त्वरित राहत, नकारात्मक ऊर्जा से बचाव, मन की अपार शांति, और भगवान जगन्नाथ के साथ एक शाश्वत भक्तिमय व प्रेमपूर्ण संबंध स्थापित करने हेतु 70।
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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यह मंत्र क्यों?
सांसारिक दुखों और पापों से त्वरित राहत, नकारात्मक ऊर्जा से बचाव, मन की अपार शांति, और भगवान जगन्नाथ के साथ एक शाश्वत भक्तिमय व प्रेमपूर्ण संबंध स्थापित करने हेतु 70।
इस मंत्र से क्या होगा?
सांसारिक दुखों और पापों से त्वरित राहत, नकारात्मक ऊर्जा से बचाव, मन की अपार शांति, और भगवान जगन्नाथ के साथ एक शाश्वत भक्तिमय व प्रेमपूर्ण संबंध स्थापित करने हेतु
जाप विधि
इस अत्यंत सरल और शक्तिशाली नाम-मंत्र का जप किसी भी समय, कहीं भी किया जा सकता है 70। साधक को मन में भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और सुभद्रा के दिव्य और विशाल स्वरूप का ध्यान करते हुए पूर्ण एकाग्रता से इसका वाचिक या मानसिक जप करना चाहिए 71।
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