ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
उद्देश्य अनुसार मंत्र
ब्रह्मविद्या / परमात्मा (विद्यारम्भ शांति मंत्र)

ब्रह्मविद्या / परमात्मा (विद्यारम्भ शांति मंत्र) ज्ञान मंत्र

ॐ सह नाववतु । सह नौ भुनक्तु । सह वीर्यं करवावहै । तेजस्वि नावधीतमस्तु मा विद्विषावहै । ॐ शान्तिः शान्तिः शान्तिः ॥

गुरु-शिष्य के मध्य ज्ञान का निर्बाध प्रवाह, एकाग्रता, और विद्या में तेजस्वी सफलता की प्राप्ति 20।

साधना मंडल

जप, संकल्प और उपासना संकेत

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प्रकारज्ञान मंत्र
प्रयोजन

यह मंत्र क्यों?

गुरु-शिष्य के मध्य ज्ञान का निर्बाध प्रवाह, एकाग्रता, और विद्या में तेजस्वी सफलता की प्राप्ति 20।

लाभ एक दृष्टि में

इस मंत्र से क्या होगा?

01

गुरु-शिष्य के मध्य ज्ञान का निर्बाध प्रवाह, एकाग्रता, और विद्या में तेजस्वी सफलता की प्राप्ति

जाप विधि

विद्यालय, गुरुकुल या किसी भी शास्त्र-अध्ययन को आरम्भ करने से पूर्व अनिवार्य पाठ 20।

विशेष टिप्पणियाँ

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