बुध मूल मंत्र
ॐ ब्रां ब्रीं ब्रौं सः बुधाय नमः (सामान्य मूल: ॐ बुधाय नमः)
स्नायु (Nervous System) रोगों से रक्षा, बौद्धिक विकास, व्यापार में सफलता एवं वाणी (Communication) में मधुरता तथा प्रभावशीलता 47।
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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यह मंत्र क्यों?
स्नायु (Nervous System) रोगों से रक्षा, बौद्धिक विकास, व्यापार में सफलता एवं वाणी (Communication) में मधुरता तथा प्रभावशीलता 47।
इस मंत्र से क्या होगा?
स्नायु (Nervous System) रोगों से रक्षा, बौद्धिक विकास, व्यापार में सफलता एवं वाणी (Communication) में मधुरता तथा प्रभावशीलता
जाप विधि
बुधवार को हरे वस्त्र धारण कर उत्तर दिशा की ओर मुख करके पन्ना या रुद्राक्ष की माला से जप करें। अनुष्ठान के दौरान ४० दिनों में ९,००० जप पूरे किए जाने चाहिए 47।
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