काल भैरव मूल मंत्र
ॐ ह्रां ह्रीं ह्रूं ह्रीमे ह्रौं क्षं क्षेत्रपालाय काल भैरवाय नमः
तंत्र-मंत्र व काले जादू की बाधाओं का नाश, अवांछित दुष्ट शक्तियों से क्षेत्र व देह की रक्षा एवं समय (काल) के दुष्प्रभाव से पूर्ण मुक्ति 9।
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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यह मंत्र क्यों?
तंत्र-मंत्र व काले जादू की बाधाओं का नाश, अवांछित दुष्ट शक्तियों से क्षेत्र व देह की रक्षा एवं समय (काल) के दुष्प्रभाव से पूर्ण मुक्ति 9।
इस मंत्र से क्या होगा?
तंत्र-मंत्र व काले जादू की बाधाओं का नाश, अवांछित दुष्ट शक्तियों से क्षेत्र व देह की रक्षा एवं समय (काल) के दुष्प्रभाव से पूर्ण मुक्ति
जाप विधि
भैरवाष्टमी या कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को मध्यरात्रि में रुद्राक्ष माला से न्यूनतम १०८ बार जप करें। काल भैरव यंत्र स्थापित कर पूजन के पश्चात् यह जप अधिक प्रभावी होता है 9।
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