ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
उद्देश्य अनुसार मंत्र
महा सरस्वती (नारद पुराण)

महा सरस्वती (नारद पुराण) सिद्ध मंत्र

ॐ श्रीं महादेव्यै सरस्वत्यै स्वाहा

प्रचुर भौतिक समृद्धि (Abundance) और सर्वोच्च ज्ञान दोनों की एक साथ प्राप्ति 70। यह साधक को ऐश्वर्य के साथ-साथ मेधावी बनाता है 70।

साधना मंडल

जप, संकल्प और उपासना संकेत

जप काउंटर लोड हो रहा है...

प्रकारसिद्ध मंत्र
प्रयोजन

यह मंत्र क्यों?

प्रचुर भौतिक समृद्धि (Abundance) और सर्वोच्च ज्ञान दोनों की एक साथ प्राप्ति 70। यह साधक को ऐश्वर्य के साथ-साथ मेधावी बनाता है 70।

लाभ एक दृष्टि में

इस मंत्र से क्या होगा?

01

प्रचुर भौतिक समृद्धि (Abundance) और सर्वोच्च ज्ञान दोनों की एक साथ प्राप्ति 70

02

यह साधक को ऐश्वर्य के साथ-साथ मेधावी बनाता है

जाप विधि

'श्रीं' (Shreem) बीज की ऊर्जा के साथ पूर्ण श्रद्धा और आहुति के भाव से देवी का ध्यान करते हुए जप 70।

विशेष टिप्पणियाँ

इसे भी पढ़ें

अलग-अलग श्रेणियों से

हर श्रेणी से एक चुनिंदा मंत्र — नया खोजें

naam mantra

गणपति

shanti mantra

ॐ पूर्णमदः पूर्णमिदं पूर्णात्पुर्णमुदच्यते । पूर्णस्य पूर्णमादाय पूर्णमेवावशिष्यते ॥ ॐ शान्तिः शान्तिः शान्तिः ॥

kavach mantra

ॐ भूर्भुव: स्व: प्रांचामा पातु भूतेशः अग्ने पातु शंकर दक्षिणे पातुमा रुद्रो नैऋत्य स्थानु रेवच पश्चिमे खंड परशु वायव्या चंद्रशेखर उत्तरे गिरीशः पातु चैशान्य ईश्वर स्वयं उर्ध्वे मुंड सदा पातु चाध्य मृत्युंजय स्वयं जले स्थले चांदरीक्षे स्वप्ने जागरने सदा पिना कितुमा प्रीत्या भक्तम वैभक्त वत्सल य: सदा धारयेन्मर्त्य: शैवं कवचमुत्तमम् । न तस्य जायते क्वापि भयं शंभोरनुग्रहात् ॥ 30॥ इति अमोघ शिव कवच सम्पूर्ण ॥ 4

sabar mantra

झाड़ि झाड़ि कापड़ पिन्दि । वीर मुष्टे बांधि बाल । बुले एलाम मशान भूम होते भैरव। कटार हाते। लोहार बाड़ी। बाम हाते चामदड़ि। आज्ञा दिल राजा चुडं हाते । लोहार किला । मुद्गर धिनि। विगलि घुंडिकार आज्ञे 25

beej mantra

स्त्रीं

dhyan mantra