विस्तृत उत्तर
अनुभव लिखना — दो दृष्टिकोण:
लिखें (हां)
- ▸व्यक्तिगत डायरी = प्रगति ट्रैक। गुरु को दिखाने हेतु।
- ▸आत्मविश्लेषण = सुधार।
न लिखें / गोपनीय (शास्त्रीय)
- ▸'गुप्त साधना = सिद्ध साधना।' अनुभव बताना = शक्ति क्षीण।
- ▸दूसरों को बताना = अहंकार + नजर।
- ▸गुरु के अलावा किसी को नहीं।
सर्वोत्तम
- ▸गोपनीय डायरी = केवल स्वयं + गुरु हेतु।
- ▸सोशल मीडिया/दूसरों को कभी नहीं।
- ▸अनुभव = 'निजी पत्र ईश्वर को' — दुनिया को नहीं।





