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विस्तृत उत्तर
शिर ढकना — संप्रदाय अनुसार:
शिर ढके (हां)
- ▸कुछ वैष्णव: टोपी/पगड़ी = शिर सम्मान।
- ▸सिख: पगड़ी/पटका = अनिवार्य।
- ▸ठंड: टोपी = comfort → एकाग्रता।
शिर खुला (हां)
- ▸अधिकांश हिंदू: शिर खुला = सहस्रार चक्र → ब्रह्मांडीय ऊर्जा ग्रहण।
- ▸शास्त्रीय: शिखा (चोटी) खुली = ऊर्जा प्रवेश।
न कोई कठोर नियम: दोनों मान्य। संप्रदाय/परंपरा अनुसार।
सार: 'भक्ति भाव > टोपी/पगड़ी।' जो सहज = वही करें।
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