📖
विस्तृत उत्तर
ब्रह्मांड पुराण और वायु पुराण के अनुसार वैराज प्रजापति की एक अत्यंत पवित्र और सुशीला कन्या थीं जिनका नाम नद्वला था। नद्वला का विवाह चाक्षुष मनु के साथ हुआ। उनसे दस तेजस्वी पुत्र उत्पन्न हुए: उरु, पुरु, शतद्युम्न, तपस्वी, सत्यवाक्, कवि, अग्निष्टुत, अतिरात्र, सुद्युम्न और अभिमन्यु। नद्वला का महत्व इसलिए है कि उनके वंश से आगे चलकर उरु, अंग, वेन और अंततः परम प्रतापी राजा पृथु की वंशावली जुड़ती है।
🔗
आगे क्या पढ़ें
प्रश्न से जुड़े हब और आज के उपयोगी पंचांग लिंक
इसे अपने प्रियजनों के साथ साझा करें
क्या यह उत्तर सहायक था?




