विस्तृत उत्तर
सत्यनारायण पूजा का प्रसाद 'शीरा' (सूजी का हलवा) या 'पंचामृत' सबसे प्रमुख है। यह भगवान विष्णु (सत्यनारायण) को अर्पित किया जाता है।
1शीरा/सूजी का हलवा (प्रमुख प्रसाद)
सामग्री
- ▸सूजी (रवा): 1 कप
- ▸घी (गाय का): ½ कप
- ▸शक्कर/चीनी: ¾ कप
- ▸जल: 2 कप
- ▸इलायची पाउडर: ½ छोटा चम्मच
- ▸केसर: कुछ धागे (वैकल्पिक)
- ▸काजू, किशमिश, बादाम: स्वादानुसार
- ▸केला: 1-2 (कटे हुए — परम्परागत)
विधि
- 1कड़ाही में घी गरम करें।
- 2काजू-किशमिश भूनकर निकालें।
- 3सूजी डालकर सुनहरी होने तक भूनें (मध्यम आँच)।
- 4गरम जल धीरे-धीरे मिलाएँ (सावधानी से — छींटे पड़ सकते हैं)।
- 5हिलाते रहें, गाँठ न पड़ने दें।
- 6चीनी मिलाएँ, इलायची-केसर डालें।
- 7जब हलवा कड़ाही छोड़ने लगे, काजू-किशमिश मिलाएँ।
- 8केले के टुकड़े मिलाएँ (परम्परागत विधि)।
- 9ठण्डा होने पर भगवान को अर्पित करें।
2पंचामृत
दूध + दही + घी + शहद + शक्कर — मिलाकर तैयार। अभिषेक और प्रसाद दोनों में प्रयुक्त।
3अन्य प्रसाद
- ▸पंचमेवा (बादाम, काजू, किशमिश, खजूर, अखरोट)
- ▸फल (केला विशेष)
- ▸तुलसी पत्र
- ▸बताशे/मिश्री
नियम
- ▸प्रसाद शुद्ध मन से, स्वच्छ रसोई में बनाएँ।
- ▸तामसिक पदार्थ (लहसुन, प्याज) वर्जित।
- ▸गाय के घी का प्रयोग उत्तम।
- ▸प्रसाद बाँटते समय तुलसी पत्र अवश्य रखें।
- ▸सभी को प्रसाद दें — किसी को मना न करें।





