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श्रीरामचरितमानस · बाल काण्ड

चौपाई 2

बाल काण्ड · Baal Kaand

मूल पाठ

को बड़ छोट कहत अपराधू । सुनि गुन भेदु समुझिहहिं साधू ॥ देखिअहिं रूप नाम आधीना । रूप ग्यान नहिं नाम बिहीना ॥

Ko bad chhot kahat aparadhu. Suni gun bhedu samujhihahin saadhu. Dekhiahi roop naam aadhina. Roop gyaan nahin naam bihina.

हिन्दी अर्थ

सरल भावार्थ

इन (नाम और रूप) में कौन बड़ा है, कौन छोटा, यह कहना तो अपराध है। इनके गुणोंका तारतम्य (कमी-बेशी) सुनकर साधु पुरुष स्वयं ही समझ लेंगे। रूप नामके अधीन देखे जाते हैं, नामके बिना रूपका ज्ञान नहीं हो सकता ॥ २ ॥

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श्रीरामचरितमानस चौपाई 2 बाल काण्ड — हिन्दी अर्थ सहित | Pauranik